International Journal of Advanced Education and Research
International Journal of Advanced Education and Research
Vol. 5, Issue 1 (2020)
शिक्षा सफलता की कुंजी है। बिना शिक्षा के जीवन अपंग है। यदि नारी शिक्षित होगी तो वह अपने परिवार की व्यवस्था ज्यादा अच्छी तरह चला सकेगी। एक अशिक्षित नारी न तो स्वयं विकास कर सकती है और न ही परिवार के विकास में सहयोग दे सकती है। सामान्यतः ऐसा माना जाता है कि महिलाओं को घर का काम, बच्चों का पालन-पोषण ही करना है तो महिलाओं के लिए शिक्षा की कोई आवष्यकता नही है। शिक्षा की कमी के कारण महिलाएं परिवार के साथ-साथ स्वयं के पोषण पर ध्यान नहीं दे पाती है।
भारतीय समाज में नारी को मातृशक्ति के पद पर प्रतिष्ठित रखा है, उसने ऐसे श्रेष्ठ मानव रत्न समाज को दिए जिनका नाम आज भी अमर है। जब-जब उसे गृहस्वामिनी, ग्रहलक्ष्मी, कुलमाता के रूप में आदर दिया है तब-तब भारत का नाम विश्व में गूंजा है। आज भारतीय नारियां देश की संस्कृति, सभ्यता एवं धर्म की संरक्षिका बनी हुई है। साथ ही घर, गृहस्थी, परिवार, देश, समाज एवं घर के संचालन में महिलाओं का महत्वपूर्ण योगदान है।

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